अहो नमि जिनप
Karaoke :
अहो ! नमि जिनप नित नमत शत सुरप,
कन्दर्प-गज-दर्प नाशन प्रबल पन-लपन ॥
नाथ ! तुम बानि पय पान जे करत भवि,
नसें तिनकी जरा-मरन-जामन-तपन ॥
अहो शिव-भौन ! तुम चरन चिन्तौन जे,
करत तिन जरत भावी दुखद भव-विपन ॥
हे भुवनपाल ! तुम विशद गुन-माल उर,
धरें ते लहें टुक काल में श्रेय पन ॥
अहो गुन-तूप ! तुम रूप चख सहस करि,
लखत सन्तोष-प्रापति भयो नाकप न ॥
अज ! अकल ! तज सकल, दुखद परिगह कुगह,
दुःसह परिसह सही धार व्रत-सार पन ॥
पाय केवल सकल लोक करवत् लख्यो,
अख्यो वृष द्विधा सुनि नसत भ्रम-तम-झपन ॥
नीच कीचक कियो मीच तैं रहित जिम,
दास को पास ले नाश भव वास पन ॥