जीवतत्त्वप्रदीपिका
याजकनामेनाननमेदाणि पदाणि होंति परिकम्मे।
कानवधिवाचनाननमेसो पुण चूलियाजोगो॥364॥
जीवतत्त्वप्रदीपिका