!! श्रीसर्वज्ञवीतरागाय नम: !!

श्री‌-सकलकीर्ति-भट्टारक प्रणीत

श्री
सुदर्शन-चरित्र



आभार : श्री मूलचन्द किशनचन्द कापड़िया, सूरत; पण्डित देवेन्द्रकुमार जैन, बिजौलियां-राजस्थान

  कथा