
साहारणा वि दुविहा अणाइ -काला य साइ-काला य
ते वि य बादर-सुहमा सेसा पुण बायरा सव्वे ॥125॥
अन्वयार्थ : [साहारणा वि दुविहा] साधारण जीव दो प्रकार के हैं [अणाइकाला य साइकाला य] १. अनादिकाला २. साहिकाला ; [ते वि य बादरसुहमा] वे दोनों ही बादर भी हैं और सूक्ष्म भी हैं [पुण सेसा सव्वे बायरा] और शेष सब बादर ही हैं ।
छाबडा