+ जिनदेव के ही अनेक नाम -
जो परमप्पउ परमपउ हरि हरु बंभु वि बुद्धु ।
परम पयासु भणंति मुणि सो जिणदेउ विसुद्धु ॥200॥
यः परमात्मा परमपदः हरिः हरः ब्रह्मापि बुद्धः ।
परमप्रकाशः भणन्ति मुनयः स जिनदेवो विशुद्धः ॥२००॥
अन्वयार्थ : [यः परमात्मा] जिस परमात्मा को [मुनयः] मुनि, [परमपदः] परमपद, [हरिः हरः ब्रह्मा अपि] हरि, महादेव, ब्रह्मा, [बुद्धः परमप्रकाशः भणंति] बुद्ध और परमप्रकाश नाम से कहते हैं, [सः विशुद्धः जिनदेवः] वह (रागादि-रहित) शुद्ध जिनदेव ही है ।
Meaning : The Parmatma Parama Pada (supreme status of Godhood) variously described as Harihara, Brahman, Buddha and Parmatma Prakasha- the same is the (status of the) Siddha Jinendra Deva.

  श्रीब्रह्मदेव