+ शंका -- सम्यग्दृष्टि जीव के आत्मा के सिवा अन्य पदार्थ में भी क्या उपयोग होता है ? -
अस्ति प्रश्नावकाशस्य लेशमात्रोऽत्र केवलम् ।
यत्कश्चिद्ध हिरर्थे स्यादुपयोगोऽन्यत्रात्मन: ॥857॥
अन्वयार्थ : अब यहाँ पर केवल इतने ही प्रश्न को अवकाश मिलता है कि सम्यग्दृष्टि जीव के आत्मा के सिवा अन्य पदार्थ में भी क्या उपयोग होता है ?