
आसीय महाजुद्धाइं इत्थिहेदुं जणम्मि बहुगाणि ।
भयजणणाणि जणाणं भारहरामायणादीणि॥948॥
जगत प्रसिद्ध महाभारत रामायण आदिक युद्ध कहे ।
जो लोगों को भयकारण थे कारण वे सब नारी के॥948॥
अन्वयार्थ : इस जगत में भी स्त्रियों के निमित्त से ही लोगों को भय उत्पन्न करने वाले भारत में, रामायण-महाभारतादि में प्रसिद्ध महायुद्ध अनेक बार हुए हैं ।
सदासुखदासजी